10 Trees Name in Hindi and English | 10 पेड़ों के नाम

10 trees name in hindi and english | 10 पेड़ों के नाम हिंदी और इंग्लिश में | 10 trees name in english and hindi | 10 name of trees in hindi and english | tree name in hindi and english | trees name in english and hindi | tree names in english and hindi | tree names in hindi and english

“10 trees name in hindi and english” के इस आर्टिकल में आज हमलोग “10 पेड़ों के नाम हिंदी और इंग्लिश में” जानने वाले है।

10 Trees Name in Hindi and English
10 Trees Name in Hindi and English

विषयसूची (Table of Contents)

10 Trees Name in Hindi and English

SL NoTrees Name in HindiTrees Name in English
1पीपलPeepal
2बरगदBanyan
3देवदारCedar
4चीड़Pine
5बांसBamboo
6बबूलAcacia
7नीमNeem, Margosa Tree
8चंदनSandalwood
9शीशमRosewood
10सागौनTeak

10 Trees Name in English and Hindi

यह भी पढ़े: 50 Names of Trees in English and Hindi (50 पेड़ों के नाम)

10 पेड़ों के नाम हिंदी और इंग्लिश में और उनके बारे में जानकारी

पीपल के पेड़ के बारे में जानकारी (About Peepal Tree in Hindi)

पीपल के पेड़ को अंग्रेजी में भी Peepa ही कहा जाता है तथा पीपल के पेड़ का वैज्ञानिक नाम फाइकस रिलीजिओसा (Ficus religiosa) है। पीपल का पेड़ एक विशालकाय वृक्ष है जो आकार में काफी बड़े होते है। पीपल वृक्ष को भारतीय संस्कृति में एक महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। भारतीय संस्कृति में पीपल के वृक्ष एक देववृक्ष है जिनकी लोग अनेक पर्व-त्यौहार में पूजा करते है। पीपल के वृक्ष को गुह्यपुष्पक भी कहा जाता है क्योंकि इसके पुष्प यानि फूल गुप्त रहते है। पीपल वृक्ष के प्रत्येक टहनियों में काफी सारे छोटे छोटे फल लगते है जो सूक्ष्म सूक्ष्म बीज के दानो से भरे होते है। पीपल वृक्ष के बीज का आकार राई के दाने के आधे आकार जितने छोटे होते हैं। पीपल वृक्ष के पत्ता, फल या टहनियाँ तोड़ने पर इसमें से सफेद दूध की तरह एक तरल निकलता है जिस कारण इसे दूध वाले वृक्ष भी कहा जाता है। पीपल के वृक्ष एक दीर्घायु के वृक्ष है जो सैकड़ो सैकड़ो साल जीवित रहते है। 

बरगद के पेड़ के बारे में जानकारी (About Banyan Tree in Hindi)

बरगद के पेड़ को अंग्रेजी में Banyan कहा जाता है तथा बरगद के पेड़ का वैज्ञानिक नाम फिकस बेंघालेंसिस (Ficus Benghalensis) है। आपको बता दे की बरगद के पेड़ को भारत का राष्ट्रीय पेड़ का दर्जा दिया गया है। पीपल पेड़ की भांति ही बरगद का पेड़ एक विशालकाय वृक्ष है। तथा बरगद वृक्ष को भारतीय संस्कृति में एक महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। हिन्दू धर्म में बरगद वृक्ष को एक देववृक्ष माना जाता है और अनेक पर्व-त्यौहार और व्रत में बरगद वृक्ष की पूजा की जाती है। बरगद वृक्ष को ‘वट’ और ‘बड़’ भी कहा जाता है। बरगद वृक्ष एक अनोखा वृक्ष है इसकी टहनियों से जड़े बाहर निकलकर हवा में झूलती है। बरगद और पीपल वृक्ष में काफी सारी समानताएं है जैसे पीपल वृक्ष के तरह ही बरगद वृक्ष के टहनियों में काफी सारे छोटे छोटे फल लगते है जिसके अंदर काफी सारे एकदम छोटे छोटे बीज होते है तथा इसके फल, पत्ता या टहनियों को तोड़ने से इसमें दूध जैसा सफेद तरल निकलता है।

यह भी पढ़े: 10 Animals Name in Hindi and English (10 जानवर के नाम)

देवदार के पेड़ के बारे में जानकारी (About Cedar Tree in Hindi)

देवदार के पेड़ को अंग्रेजी में Cedar कहा जाता है तथा देवदार के पेड़ का वैज्ञानिक नाम सेडरस डेओडारा (Cedrus Deodara) है। देवदार के पेड़ एक शंकुधारी पेड़ है जिसकी तना सीधा ऊँचा होता है तथा इस पेड़ की पत्तियाँ लंबे और कुछ गोल आकार के होते है। देवदार पेड़ की लकड़ी हल्की लेकिन बहुत मजबूत तथा सुगंधित होती है। देवदार के पेड़ ज्यादातर पर्वत पहाड़ी क्षेत्रो में ज्यादा पाया जाता है यह मूलस्थान पश्चिमी हिमालय के पर्वतीय क्षेत्रों तथा भूमध्यसागरीय क्षेत्रों में पाया जाता है। देवदार पेड़ पश्चिमी हिमालय, पूर्वी अफगानिस्तान, उत्तरी पाकिस्तान, पश्चिमी नेपाल, उत्तर-मध्य भारत तथा दक्षिण-पश्चिमी तिब्बत की ऊंचाई वाले क्षेत्रो में पाया जाता है। तथा भारत की बात करे तो भारत में देवदार के पेड़ जम्मू एवं कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड जैसे राज्यों में ज्यादा पाए जाते है।

चीड़ के पेड़ के बारे में जानकारी (About Pine Tree in Hindi)

चीड़ के पेड़ को अंग्रेजी में Pine कहा जाता है तथा चीड़ के पेड़ का वैज्ञानिक नाम पाइनस् रॉक्सबर्घियाई (Pinus Roxburghii) है। चीड़ के पेड़ एक सीधा लंबा आकार का पेड़ है जिसकी मुख्य टहनी एक दम सीधे ऊँचे होते है तथा मुख्य टहनी से छोटी छोटी शाखाएँ निकलती है जो कम दुरी तक फैले होते है। अगर हम पूरा पेड़ को देखे तो यह शंकु के आकार का होता है। चीड़ के पेड़ पृथ्वी के उत्तरी गोलार्ध में अधिक मात्रा में पाया जाता है। चीड़ के वृक्ष ज्यादातर उत्तर में वृक्ष रेखा से लेकर दक्षिण में उष्ण कटिबंध तथा शीतोष्ण कटिबंध के ठंडे पहाड़ों के क्षेत्रो में फैली हुई हैं। चीड़ वृक्ष की लकड़ी काफी मजबूत और टिकाऊ होते है।

यह भी पढ़े: 10 Birds Name in Hindi and English (10 पक्षियों के नाम)

बांस के पेड़ के बारे में जानकारी (About Bamboo Tree in Hindi)

बांस को अंग्रेजी में Bamboo कहा जाता है तथा बांस का वैज्ञानिक नाम बैम्बूसा वुलगारिस (Bambusa Vulgaris) है। बांस मुख्यतः एक प्रकार का घास है जो मक्का, गेहूँ, धान, जौ आदि सदस्य के परिवार से संबंधित है। बांस, पृथ्वी पर पाए जाने वाला सबसे तेज बढ़ने वाला काष्ठीय पौधा है। इसकी कुछ प्रजातियाँ एक दिन में यानि 24 घंटे में 45 से 50 इंच तक भी बढ़ जाते है। बांस बहुत ही लंबा और एक दम सीधा होता है। बांस बहुत ही मजबूत और लचीला होता है जो काफी ज्यादा वजन को सह सकता है जिस कारण से बांस का उपयोग विभिन्न प्रकार के कामो में किया जाता है। बांस हमेशा झुंड में उगता है तथा इसके एक झुंड में सैकड़ों बांस होता है। बांस भारत में लगभग हर क्षेत्र में पाया जाता है। 

बबूल के पेड़ के बारे में जानकारी (About Acacia Tree in Hindi)

बबूल के पेड़ को अंग्रेजी में Acacia कहा जाता है तथा बबूल के पेड़ का वैज्ञानिक नाम वाचेल्लिया नीलोतिका (Vachellia Nilotica) है। बबूल मूल रूप से भारतीय उपमहाद्वीप एवं अफ्रीका महाद्वीप में पाया जाने वाला अकैसिया प्रजाति का एक वृक्ष है। बबूल पेड़ की पत्तियों की आकार काफी छोटे छोटे होते है एवं इसके टहनियों में काफी सारे बड़े बड़े नुकीले कांटे होते है तथा इसके फूल गोल आकार के पीले रंग के होते है। बबूल के पेड़ के तना से एक चिपचिपा सा तरल पदार्थ निकलता है जिसे गोद कहा जाता है यह काफी सारे औषधीय गुणों से भरपूर होता है जो अनेक प्रकार के रोगों के उपचार में काम आता है।

नीम के पेड़ के बारे में जानकारी (About Neem Tree in Hindi)

नीम के पेड़ को अंग्रेजी में Neem और Margosa Tree कहा जाता है तथा नीम के पेड़ का वैज्ञानिक नाम अजादिरक्ता इंडिका (Azadirachta Indica) है। नीम का पेड़ एक तेजी से बढ़ने वाला पर्णपाती वृक्ष है जो मुख्य रूप एक भारतीय मूल का एक वृक्ष है जो भारत के अलावा पाकिस्तान, बांग्लादेश, श्रीलंका, नेपाल, म्यानमार, इंडोनेशिया, थाईलैंड आदि देशो में पाया जाता है। लेकिन पिछले लगभग सौ, डेढ़ सौ वर्षों में यह पेड़ अपनी भारतीय उपमहाद्वीप की भौगोलिक सीमा को लांघ कर अन्य महाद्वीप जैसे आस्ट्रेलिया, अफ्रीका, अमरीका आदि के उष्ण और उप-उष्ण कटिबन्धीय देशों में भी पाया जाने लगा है। नीम का पूरा पेड़ औषधीय गुणों से भरपूर होता है इसका जड़ से लेकर पत्ता, टहनियाँ आदि का उपयोग अनेक प्रकार के रोग के इलाज में किया जाता है।

चंदन के पेड़ के बारे में जानकारी (About Sandalwood Tree in Hindi)

चंदन के पेड़ को अंग्रेजी में Sandalwood कहा जाता है तथा चंदन के पेड़ का वैज्ञानिक नाम सेन्टेलम अल्बम (Santalum Album) है। चंदन का पेड़ एक उच्च गुणवर्ता लकड़ी वाला पेड़ है। चंदन की लकड़ी औषधीय गुणों से भरपूर और काफी अच्छा सुगंधित होता है जिसका उपयोग अनेक प्रकार के औषधी, सोंदर्य पदार्थ आदि बनाने में किया जाता है। साथ ही चंदन के पेड़ को एक शुभ पेड़ माना जाता है और इसकी लकड़ी का उपयोग अनेक प्रकार के पूजा पाठ में हवन में उपयोग किया जाता है। चंदन के इन्ही सारे गुणों और उपयोगिता के कारण इसकी लकड़ी काफी महंगे होते है जिसमे से लाल चंदन सबसे महंगे होते है। चंदन के पेड़ भारत के साथ साथ अन्य देशो में भी पाया जाता है पर इसके सर्वोच्च गुणवत्ता वाला चंदन भारत के कर्नाटक राज्य में पाया जाता है।

शीशम के पेड़ के बारे में जानकारी (About Rosewood Tree in Hindi)

शीशम के पेड़ को अंग्रेजी में Rosewood कहा जाता है तथा शीशम के पेड़ का वैज्ञानिक नाम डेलबर्जिया शीशू (Dalbergia Sissoo) है। शीशम के पेड़ मूल रूप से भारतीय उपमहाद्वीप में पाया जाने वाला का एक वृक्ष है। शीशम वृक्ष की लकड़ी काफी उच्च गुणवर्ता की होती है। शीशम की लकड़ी बादामी रंग का होता है जो काफी भारी और मजबूत होता है। शीशम की लकड़ी का उपयोग घरो के दरवाजे एवं फर्नीचर बनाने में काफी अधिक मात्रा में किया जाता है। शीशम के पेड़ की पत्तियों का उपयोग पशुओ के चारा के रूप में किया जाता है। शीशम के पेड़ की पत्तियों प्रोटीन युक्त होता है जिस कारण पशु इसे काफी ज्यादा पसंद करते है।

सागौन के पेड़ के बारे में जानकारी (About Teak Tree in Hindi)

सागौन के पेड़ को अंग्रेजी में Rosewood कहा जाता है तथा सागौन के पेड़ का वैज्ञानिक नाम टेक्टोना ग्रैंडिस (Tectona Grandis) है। सागौन एक चिरहरित यानि पूरा साल भर हरा-भरा रहने वाला पेड़ है। सागौन के पेड़ की पत्तियों का आकार काफी बड़ा होता है जो सामान्यत: 10 से 15 इंच बड़े होते है। सागौन के पेड़ की लकड़ी वजन में हल्की, मजबूत और टिकाऊ होते है जो काफी समय तक चलने वाली होती है। सागौन की लकड़ी का उपयोग घरो के दरवाजे एवं फर्नीचर बनाने में अधिक मात्रा में किया जाता है। सागौन के वृक्ष भारत में लगभग सभी क्षेत्रो में उगाया जा सकता है।

FAQ on 10 Trees Name in Hindi and English

भारत का राष्ट्रीय वृक्ष क्या है?

भारत का राष्ट्रीय वृक्ष बरगद है।

बरगद पेड़ को अंग्रेजी में क्या कहते है?

बरगद पेड़ को अंग्रेजी में Banyan Tree कहते है।

Conclusion on 10 Trees Name in Hindi and English

10 trees name in hindi and english के इस आर्टिकल में आज हमने 10 पेड़ों के नाम हिंदी और इंग्लिश में जाना, आशा करता हूँ की आपको 10 trees name in english and hindi का यह आर्टिकल अच्छा लगा होगा। 10 name of trees in hindi and english का यह आर्टिकल आपको कैसा लगा यह आप हमे कमेंट में जरुर बताए साथ ही इस आर्टिकल को अपने दोस्तों के साथ शेयर जरुर करे।

10 Trees Name in Hindi and English (10 पेड़ों के नाम हिंदी और इंग्लिश में) का इस आर्टिकल को अपना प्यार देने के लिए आपका बहुत बहुत धन्यबाद।

Leave a Comment